Category: Just when I don’t know anything.
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सूरज से गुफ्तगू #16
तुम कहते नहीं पर मुझपे मरते ज़रूर होतुम थकते नहीं पर मुझे ख्वाबो में देखने को थोड़ी देर सोते जरूर हो,तुम्हारे होठों पे सजी इबादत में, मैं हूँतुम्हारे सीने में छिपी वो सुकून की चाह में, मैं हूँ,तुम कहते नहीं पर रातो से नफरत तुम्हे भी हैंतुम कहते नहीं यार,…
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सूरज से गुफ्तगू #15
एक नयी उम्र मांग के लायी हूँ मैं वापिसएक और सांज तेरे साथ गुज़ारने आयी थी मैं हाफ़िज़,कुछ चंद आरज़ू में निकल गएकुछ तेरे इंतज़ार में,रेहम थोड़ी कर- तेरे जाने के बाद कल तू फिर चला आएगामैं चल गयी तो मेरा खोया वक़्त फिर कहा आएगा। Read more: सूरज से…
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सूरज से गुफ्तगू #14
बादलो से भी आज बातें कर ली जो तुम ना माने तो उनसे भी सिफारिश तय कर ली, देखो अब ये रूठना मनाना नहीं चलेगा बिना कहे वाला इसरार अब नहीं चलेग। * A little history about this guftagoo: https://aestheticmiradh.com/category/just-when-i-dont-know-anything/hindi/ * It has taken me ages to get back to…
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सूरज से गुफ्तगू #13
कभी कभी जब अकेले रोती हूँ तो रातो को भी तेरा इंतज़ार करती हूँ कभी कभी, जब अकेले में सोती हूँ तो खुद की उंगलियों से यु सिलवटे तेरी बना जाती हूँ तेरे बाहों में सिमटना चाहती हूँ कुछ देर ही सही, तुजसे दिल का हर राज़ कहना चाहती हूँ.…
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सूरज से गुफ्तगू #12
तू ढूंढ रहा है कुछ ऐसा सुना है मैंने तू खो चूका है कुछ ऐसा पता लगा है मुझे. अधूरा अधूरा सा लग रहा होगा न जैसे मुझे अब तक लगता था आज तक तूने कहा था चल आज मै तुजसे वही बात कहती हूँ नहीं पायेगा मुझे जब तक…
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सूरज से गुफ्तगू #11
सुन, तू कब से काबिल हो गया यु गम छुपाने में तू कब से यु हिचकिचाने लगा खुल के मुस्कराने में कोई पुरानी छूटी हुई ख़ुशी याद आयी है या बस मुझसे दूर जाने की रुस्वाई है? कुछ और गुफ्तगू: सूरज से गुफ्तगू #10
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सूरज से गुफ्तगू #10
दिल तो मशवरे नहीं करता मुझसे क्या तू भी अब नहीं करेगा गम रास आने लगा था मुझे क्या तू भी अब ग़मज़ादा हो जायेगा? कुछ और गुफ्तगू: सूरज से गुफ्तगू #9
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सूरज से गुफ्तगू #9
सुनो थोड़ा ठहर जाओ तुमसे एक बात केहनी थी, वो बस सुनते जाओ दिल आज फिर भर आया है मै, रात तुम्हारे आने के इंतज़ार में काट लुंगी तुम बस शाम सहारा बनते जाओ, सुनो, बस थोड़ा ठहर जाओ. कुछ और गुफ्तगू: सूरज से गुफ्तगू#8
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सूरज से गुफ्तगू#8
वो कहता है बारिश भी पसंद है वो कहता है सूरज भी पसंद है, देखो, दोनों का मेल नहीं हो सकता इंद्रधनुष सा जादू हर किसी के नसीब में नहीं हो सकता. कुछ और गुफ्तगू: सूरज से गुफ्तगू #7

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